नशे के जानलेवा जहर पर ANTF का जोरदार कहर : 10 करोड़ के जहर से समाज की रक्षा

*ऑपरेशन गांजाजुली*

*नशे के जानलेवा जहर पर ANTF का जोरदार कहर : 10 करोड़ के जहर से समाज की रक्षा*

*ANTF के पुलिस महानिरीक्षक विकास कुमार ने बताया कि ANTF और NCB ने मिलकर राजस्थान में नशे के एक और बड़े प्लेटफार्म को जड़ से उखाड़ फेकने में बड़ी सफलता पायी है। श्री विकास कुमार और NCB के जोनल डायरेक्टर घनश्याम सोनी के संयुक्त प्रयासों से लगातार मिल रही बड़ी सफलताओं की लड़ी में एक और बड़ी कड़ी जुड़ गयी है जब राजसमंद के देलवारा इलाके से करीब सवा १० करोड़ की अवैध गांजे की फसल पकड़ने में कामयाबी मिली। ANTF की अवैध फसल पर पिछले 6 महीने में यह लगातार ७ वीं करवाई है और NCB के साथ मिलकर तीसरी बड़ी कार्रवाई है।*

कड़ी से कड़ी पिरोयी , महीनो लगाए सुरागरसी में तब जाकर सफलता हाथ लगी।
-हाल के दिनों में लगातार पकडे गए गांजे के छोटे छोटे खेपों से यह निकलकर आ रहा था कि उदयपुर के आस पास के इलाके में मेवाड़ – मारवाड़ और दूर दूर तक गांजे की थोक आपूर्ति का केंद्र बना हुआ है।
-उदयपुर के इलाके में गांजार्जन ऑपरेशन की बड़ी सफलता के बाद भी यह सप्लाई लगातार होती देखकर ANTF का माथा ठनका। कई कई बार टीमें उदयपुर और आस पास के दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में भटकती रहीं पर अहम् सुराग नहीं मिल पा रहा था।
-हाल ही में जयपुर शहर में ANTF के द्वारा दी गयी दबिश में गांजे का एक मध्यम स्तर का बिचौलिया पकड़ में आया। उस बिचौलिए से गहनता से की गयी पूछताछ में उसने राजसमंद के देलवारा तहसील के राय पताता नाल गांव के बाहर से स्थानीय आदमी से 5 किलोग्राम गांजा खरीदना बताया। उसके अनुसार वह कई बार इसी तरीके से उसी इलाके से गांजा लाकर जयपुर शहर में आपूर्ति कर रहा था।
– इस पुख्ता सूचना पर तकनीकी रूप से विकसित करने की कोशिश की गयी परन्तु सफलता नहीं हाथ आयी।
-तदुपरांत ANTF और NCB ने संयुक्त रूप से इलाके का सर्वेक्षण करना शुरू किया तथा कई संदिग्धों पर निगरानी शुरू की गयी। लगातार किये गए प्रयास रंग लाये और आखिरकार कल शाम टीमों को इलाके का पूर्ण विवरण प्राप्त हो गया। टीमों ने इलाके में घूम कर तथ्यों की पुष्टि भी कर ली।

चिराग तले अँधेरा :5 स्टार होटल के पड़ोस में 3 ग्रेड नशे की दूकान।
– ANTF के पुलिस महानिरीक्षक विकास कुमार और NCB के जोनल डायरेक्टर घनश्याम सोनी ने मिलकर योजना बनायीं और संयुक्त टीमों ने इलाके में एक साथ मिलकर जोरदार दबिश डाली।
– देलवारा – कैलाशपुरी सड़क से अंदर ITC ग्रुप के 5 स्टार होटल को जाने वाली सड़क के ऊपर निजी खातेदारी जमीन पर करीब 6 बीघा खेत पर बड़े पैमाने पर गांजे की खेती पायी गयी।
-वह जमीन का टुकड़ा सड़क से थोड़ी ऊंचाई पर होने के कारण नजर से दूर रहता था। वस्तुतः गेंहूं की खेती के बीच में छुपाकर यह गांजे की खेती की गयी थी परन्तु गेहूं कट जाने के कारण खुले में दिखने लगा था। पहाड़ी उबड़ खाबड़ इलाका होने के कारण ड्रोन के कैमरे में भी यह पकड़ में नहीं आ पा रहा था।
– पूछताछ में पता चला कि कई बार होटल के आस पास ड्रोन उड़ाए जाने पर भी यह इलाका नज़र से दूर ही रहता था और इसी कारण इसे मुफीद मानकर यहाँ गांजे की इतना बड़े स्टार पर खेती की गयी थी। शायद इसी कारण इलाके में पूर्व में ANTF टीम के द्वारा किया गए सर्वेक्षण में भीं यह निगाह में नहीं आ पाया था।
-मौके पर दी गयी दबिश में कई कट्टों में छुपाकर रखा हुआ सूखा और बिक्री हेतु पूर्णतः तैयार गांजा और कई बीघों में छुपाकर रोपी गयी गांजे की फसल सामने आ गयी।

अंजुली में विषकुंभ की स्थापना
– मौके की कार्रवाई से हथेली में धरे कटोरे के आकार की 6 बीघा जमीन में 10 करोड़ के जहर की फसल लहलहाती मिली।
– कल शाम से आज दोपहर तक लगातार चली कार्रवाई के उपरान्त मौके से 12 किलोग्राम पूर्णतया तैयार गांजा जब्त किया गया और अवैध रूप से उपजाई फसल के नष्टीकरण के दौरान गांजे के 5860 पौधे बरामद हुए। बरामद तैयार गांजा 1 और सवा किलो की थैलियों में पैक करके ग्राहकों को सप्लाई करने के लिए तैयार हालत में मिला।
– NCB टीम के द्वारा जब्त पौधों की की गयी गणना के आधार पर इस पकड़ी गयी फसल से 2051 किलोग्राम गांजा तैयार होने वाला था जो कि एक बहुत बड़ी मात्रा होना प्रकाश में आया है ।
– सूत्रों के अनुसार इस गांजे का बाज़ार मूल्य मानकों के अनुसार सवा 10 करोड़ है तथा इसकी गुणवत्ता भी बड़े उच्च स्तर की है।

नाथू का बाड़ा : एक अनार 19 बीमार
– मौके से एक आरोपी नाथू पकड़ा गया जिसके कब्जे से तैयार गांजा बरामद हुआ। नाथू गंजे के छोटे छोटे पैकेट लेकर मौके पर ही ग्राहकों के इंतज़ार में बैठा था और दिनभर में काफी माल बेच भी चुका था।
– मौके पर ही प्रशासन की टीम बुलाकर जमीन की गहनता से जांच कराई गयी जिसमे यह निजी खातेदारी की जमीन पायी गयी। अभी तक मिली रिपोर्ट के अनुसार इस जमीन के 19 खातेदार बताये जाते हैं।
– पकड़ा गया आरोपी नाथू भी इस निजी जमीन के खातेदारों में से एक है।

6 महीने में नशे की सत्ते पर पुलिस का सत्ता – लगातार सातवां प्रहार
-नशे की अवैध फसल के विरुद्ध ANTF की 6 महीने के भीतर यह सातवीं कार्रवाई है। इन सात कार्रवाइयों में से तीन कार्रवाइयां ANTF और NCB ने साथ मिलकर की हैं।
– इन कार्रवाइयों से यह तथ्य उजागर होता है कि नशे के सौदागरों ने विगत समय में राजस्थान के उदयपुर के आस पास के पहाड़ी और दुर्गम क्षेत्रों में नशे की फसल का साम्राज्य स्थापित करने का कुत्सित प्रयास किया था जो ANTF और NCB के संयुक्त प्रयासों से नेस्तनाबूत हो रहा है और तस्करों की मंशा धूल -धूसरित हो रही है।

अभियान का नामकरण
– -जिस जमीन पर गांजे की फसल उगाई गयी थी उस जमीन का आकार ऐसा था मानो दोनों हथेलियों को जोड़कर उसमे एक कटोरा रखा गया हो। उस आकर के आधार पर और गांजे की फसल होने के कारण गांजा और अंजुली जिसका मतलब होता है हथेली में भरकर को मिलाकर ऑपरेशन का नाम गांजाजुली रखा गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *