सीकर जिले में एक ही दिन में सांड के हमले में अलग-अलग घटनाओं में ANM सहित 2 लोगों की मौत हो गई। ANM पर सांड ने पीछे से हमला किया। वहीं युवक के सीने से सांड का सींग आर-पार हो गया। यह दोनों हादसे शनिवार को हुए।
सीकर के नेछवा थाना इलाके के झाझड़ गांव में पहला हादसा शनिवार दोपहर करीब 3:30 बजे हुआ। इसमें ANM मधु जांगिड़ (28) पत्नी अमित जांगिड़ निवासी दीपपुरा चारणान की इस हादसे में मौत हो गई। मधु का 8 महीने का बेटा है।
वहीं सीकर के रानोली कस्बे में दूसरा हादसा हुआ, जिसमें शनिवार शाम को करीब 7 से 7:30 के बीच बाणियों की ढाणी का रहने वाला मुकेश वर्मा (35) शिकार हुआ। पुलिस ने दोनों के शव का पोस्टमॉर्टम रविवार करीब 9:30 से 11 बजे के बीच करवाकर परिजनों को सौंप दिए गए।
8 महीने का बेटा, पति विदेश में काम करते
जानकारी के अनुसार- मधु जांगिड़ गुमानपुरा के उप-स्वास्थ्य केंद्र (PHC) में पोस्टेड थीं। मधु किसी काम के सिलसिले में नेछवा कस्बे में गई थी। वहां से वह अपने पीहर झाझड़ गांव में आई हुई थी। गांव में सांड शाला के पास सांड घूम रहे थे। इसी दाैरान पीछे से मधु पर एक सांड ने हमला कर दिया। घटना के बाद मधु को इलाज के लिए नेछवा हॉस्पिटल लाया गया। जहां से उसे इलाज के लिए सीकर रेफर कर दिया गया। जहां सीकर में डॉक्टर्स ने मधु को मृत घोषित कर दिया गया।
मधु के 8 महीने का बेटा है। वहीं पति विदेश में नौकरी करते हैं। हालांकि घटना की जानकारी पर वे सीकर आ गए हैं।
युवक के सीने से आर-पार हुआ सींग
वहीं दूसरी घटना सीकर के रानोली कस्बे में हुई। शनिवार शाम 7 से 7:30 के बीच बाणियों की ढाणी निवासी मुकेश वर्मा मजदूरी कर लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में स्टेशन रोड के पास हनुमान कॉलोनी में 2 सांड आपस में लड़ रहे थे। इस दौरान एक सांड ने बाइक सवार मुकेश वर्मा पर हमला कर दिया। सांड का सींग मुकेश के सीने से आर-पार हो गया। इसके बाद मुकेश को इलाज के लिए पास के रानोली अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे गंभीर हालत में इलाज के लिए सीकर रेफर किया गया। सीकर में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मुकेश के चचेरे भाई महावीर प्रसाद ने बताया- सांड का सींग मुकेश के सीने से आर-पार हो गया था। उन्होंने कहा- मुकेश के परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। मुकेश मजदूरी कर घर चलाता था।
वहीं ग्रामीण मदनलाल ने बताया- रानोली गांव में आसपास के कस्बे से से पशु आते हैं। इसके बाद आए दिन गाड़ियों को क्षतिग्रस्त करते हैं या हमला कर देते हैं।
लोग बोले- कई बार हो चुके हादसे, शिकायत पर भी कार्रवाई नहीं
लोगों ने कहा- इस तरह का यह पहला मामला नहीं है। गांव और शहरों में पूरे दिन आवारा पशु घूमते रहते हैं। कई बार लोगों की गाड़ियों को क्षतिग्रस्त करते हैं तो कई बार राह चलते लोगों पर हमला कर देते हैं। अधिकारियों को इस संबंध में शिकायत कराई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होती।
